तेरे दर्द से दिल आबाद रहा -2
कुछ भुल गए कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
तेरे दर्द सा दिल आबाद रहा
कुछ भुल गए कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
नसीबा भी क्या रंग लाया
कहाँ लाके हमको मिलाया (दोनों पंक्ति दोहराएं)
अपनी वफा के गुल खिल ना पाए
मिलके भी तुझसे हम मिल ना पाए
दर्दे दिल हम कैसे सहे
दूर भी हम कैसे रहे
तेरा गम तेरे जाने के बाद रहा -2
कुछ भुल गए कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
जाने वफा तुझको क्या दें
दिल कह रहा है दुआ दें (दोनों पंक्ति दोहराएं)
अरमान बुझे है सपने धुंआ है
मर मरके हम तो जिंदा यहाँ है
बेखुदी में हम खो गए
फिर जुदा तुझसे हो गए
चाहत का जहाँ बर्बाद रहा -2
कुछ भुल गए कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
तेरे दर्द से दिल आबाद रहा
कुछ भुल गए कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
कुछ याद रहा - कुछ याद रहा - कुछ याद रहा
-----------------the end------------------------
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